जंबो ने जान बचाई
लेखक:-एम मुबीन
दोपहर के समय रामू जंबो को पानी पिलाने के लिए झील के किनारे ले आया
5ाहर से कुछ दूर वह बहुत बडी झील थी जहां 5ााम को सैर सपाटे के लिए लोग आया करते थे उस झील में छोटी छोटी नावें भी चलती थी
उन नावों में बैठकर बच्चे बडे बूढे जवान नौका विहार का आनंद लेते थे
5ाम को उस झील के किनारे मेला लगा रहता था परंतु दोपहर के समय वह जगह सुनसान रहती थी एक्क दुक्का लोग ही वहां सैर के लिए आते थे
जिस समय जंबो और रामू वहां आए वहां पांच छोटे छोटे बच्चे सैर के लिए आए थे
और वे एक नाव वाले से बात कर रहे थे कि वह इस समय उन्हे नाव में झील की सैर कराए
थेडी देर बाद वह नाव वाला बच्चो को झील की सैर और नाव का विहार कराने तैयार हो गया
बच्चे उस नाव वाले की छोटी सी नाव में बैठ गए और नाव वाला नाव को खेता झील के दूसरे किनारे पर ले जाने लगा
उस बीच जंबो ने झील से पेट भर के ठंडा पानी पिया रामू ने भोजन किया और वह एक पेड के निचे लेट गया
दोपहर का समय था बहुत गर्मी पड रही थी पेड की ठंडी हवा में रामू को तुरंत नींद आ गई
जंबो भी गर्मी से परे6ाान हो गया था गर्मी से बचने के लिए उसने सोचा चलो स्नान कर ले
और वह झील में उतर गया
झील का ठंडा ठंडा पानी उसके 5ारीर से टकराया तो उसके 5ारीर में गूुदगुदी सी होने लगी
वह मस्ती में आ गया
जोर जोर से अपने पैर और सूंड पानी में मारने लगा कभी वह जोर जोर से अपने पैर और सूंड पानी में मारता तो कभी सुूंड में पानी भर कर हवा में उछालता ,तो कभी अपने ारीर पर डालता
जब एैसा करने से थक जाता तो धीरे धीरे तैर कर झील के बीच जाने का प्रयत्न करता तैरते हुए वह झील के बीचो बीच पहुंच गया उसी समय बच्चो की नाव उस के समीप आइं तो उसे 5ारारत सुझी
उसने अपनी सूंड में पानी भरा और बच्चो पर डालने लगा
ठंडा ठंडा पानी बच्चो के ारीर पर गिरता तो उनके 5ारीर में गुदगूदी होने लगती और उनके महूं से तरह तरह की आवाजें निकलने लगती तो जंबो को बडा मजा आता
वह और सूंड में पानी भर कर बच्चे पर डालता बच्चे भी उसके सात मस्ती में 5ाामिल हो कर अपने हाथो से पानी उसके 5ारीर पर डालते नाव वाले को भी बच्चो और जंबो के इस खेल में मजा आ रहा था इसलिए वह भी वहां रुक गया
फिर वह बच्चो से बोला
''अछा बच्चो ये खेल बंद करो देर हो रही है हमें दूसरे किनारे पर जा कर लौटना है''
कहता वह नाव ले कर दूसरे किनारे की ओर बढ गया
जंबो वही झील के बीच में तैर ने लगा
उसने अपना सारा 5ारीर पानी में छिपा लिया था केवल सांस लेने के लिए नाक सिर का कुछ भाग पानी के उपर निकाल रखा था
नाव वाला नाव को दूसरे किनारे पर लेजा कर लैट रहा था कि अचानक वह घटना घट गई
झील में एक बडी सी लहर उठी
उस बडी सी लहर का थपेडा वह छोटी सी नाव नहीं सहन कर सकी और उलट गई
बच्चे और नाव वाला पानी में गिर गए वह बडी सी लहर नाव को बहा कर बहुत दूर ले कर चली गई
बच्चे पानी में डूबने लगे और चीखने लगे
झील के किनारी तो सुनसान था भला बच्चाें की चीखे भी सूनकर उनकी सहायता को वहां कौन आ सकता था नाव वाला तैर कर डूबते बच्चाें को बचाने का प्रयत्न करने लगा
नाव इतनी दूर जा चूकी थी की नाव को वापस लाने तक सब बच्चे डूब कर मर जाते
अकेला नाव वाला भी सब बच्चो को बचा नहीं सकता था वह केवल दो या तीन बच्चो को पकडकर या पीठ पर लाद कर तैर कर उन्हे दसरे किनारे तक पहुचा सकता था
परंतु उसके वापस आने तक बाकी बच्चे डूब कर मर सकते थे उस की समझ में कुछ नही आर हा था िकवह सारे बच्चो की जाने किस तरह बचाए
जंबो ने बच्चो को इस तरह डूबते और सहायता के लिए पुकारते देखा तो तुरंत उसके मस्ति8क में विचार आया
इन बच्चो की सहायता करनी चाहिये
और वह तेजी से तैरता हुआ घटना स्थान की ओर चल पडा
जंबो के वहां पहुचते ही नाव वाले ने जिन बच्चों को पकड रखा था उनको उसने जंबो की पिठ पर बिठा दिया और दूसरे बच्चों को बचाने लगा एक एक कर के उसने सारे डूबते बच्चाें को बचाकर जंबो की पीठ पर बिठा दिया और फिर स्वयं भी जंबो की पीठ पर बैठ कर सुसताने लगा
जब सब जंबो की पीठ पर बैठ गए तो जंबो किनारे की ओर तैरने लगा
और तैरता हुआ किनारे पर पहुच गया रामू जाग गया था
उसने सहारा देकर बच्चाें को जंबो की पीठ से उतारा
सब बच्चे जंबो का 5ाुक्रि6ा अदा करने लगे कृतज्ञता से जंबो को चूमने लगे
आज उसके कारण उनकी जान बची थी
यदि वह ना होता और उनकी सहायता के लिए नहीं आता तो दो तीन बच्चे तो जरुर डूब कर मर जाते
-----------------------समाप्त-----------------------
पता:-
एम मुबीन
303-क्लासिक प्लाजा,तीन बत्ती
भिवंडी-421 302
जिठाणे महारा8ट्र
मोबाईल:-09372436628
फोन:-02522 256477
Contact:-
M.Mubin
303-Classic Plaza,Teen Batti
BHIWANDI-421302
Dist.Thane ( Maharashtra)
Mob:-09372436628